माय भारत अंतरराज्य युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम 2026 में धमतरी के रोहनदीप साहू ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान

धमतरी (प्रखर)भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के तत्वावधान में संचालित ‘माय भारत’ (MY Bharat – मेरा युवा भारत) पहल के अंतर्गत आयोजित अंतरराज्य युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम 2026 में छत्तीसगढ़ राज्य का प्रतिनिधित्व करते हुए धमतरी जिले के रोहनदीप साहू ने उल्लेखनीय सहभागिता निभाई। गुजरात के सूरत शहर में आयोजित इस राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में देशभर से चयनित युवाओं ने भाग लिया, जहां रोहनदीप साहू ने अपनी सक्रिय भूमिका से न केवल धमतरी बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ का मान बढ़ाया।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को भारत के विभिन्न राज्यों की औद्योगिक कार्यप्रणाली, विकास मॉडल, सांस्कृतिक विविधता, शिक्षा प्रणाली एवं नवाचार आधारित सोच से परिचित कराना रहा, जिससे युवा नेतृत्व क्षमता का विकास हो और एक भारत–श्रेष्ठ भारत की भावना को जमीनी स्तर पर मजबूती मिले।
कार्यक्रम के दौरान छत्तीसगढ़ की टीम ने सूरत के विश्वविख्यात बिजनेस मॉडल का गहन अध्ययन किया। प्रतिभागियों ने सूरत के हीरा उद्योग से जुड़ी विभिन्न इकाइयों का भ्रमण किया, जहां उन्हें हीरा तराशने की आधुनिक तकनीक, कुशल श्रम प्रबंधन, गुणवत्ता नियंत्रण प्रणाली और अंतरराष्ट्रीय व्यापार नेटवर्क की विस्तृत जानकारी दी गई। इस दौरान यह समझाया गया कि किस प्रकार सूरत ने वैश्विक स्तर पर हीरा उद्योग में अपनी अलग पहचान बनाई है।
इसके अतिरिक्त युवाओं को सूरत के उन्नत इंफ्रास्ट्रक्चर, टेक्सटाइल और मैन्युफैक्चरिंग हब, तथा देश के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों में शामिल अडानी हजीरा पोर्ट का भ्रमण कराया गया। यहां प्रतिभागियों ने लॉजिस्टिक्स, निर्यात-आयात व्यवस्था, बंदरगाह प्रबंधन और औद्योगिक विकास में निजी क्षेत्र की भूमिका को करीब से समझा। यह भ्रमण युवाओं के लिए व्यावहारिक ज्ञान का महत्वपूर्ण स्रोत रहा।
कार्यक्रम के सांस्कृतिक और प्रेरणादायी पहलुओं के अंतर्गत प्रतिभागियों को स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के दर्शन का अवसर भी मिला। यहां उन्होंने लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के जीवन, उनके नेतृत्व, और भारत के एकीकरण में दिए गए ऐतिहासिक योगदान को जाना। इस अनुभव ने युवाओं में राष्ट्र निर्माण के प्रति नई ऊर्जा और प्रेरणा का संचार किया।
इसके साथ ही गुजरात के प्रतिष्ठित उच्च शिक्षण संस्थानों और सरदार वल्लभभाई पटेल राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (SVNIT), सूरत का भी भ्रमण कराया गया। यहां युवाओं को उच्च तकनीकी शिक्षा, रिसर्च, स्टार्टअप इकोसिस्टम और इनोवेशन आधारित शिक्षा मॉडल की जानकारी दी गई, जिससे युवाओं में शिक्षा और उद्योग के समन्वय की समझ विकसित हुई।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर छत्तीसगढ़ की टीम द्वारा प्रस्तुत छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम ने सभी राज्यों से आए प्रतिभागियों और अतिथियों का मन मोह लिया। छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति, पारंपरिक वेशभूषा और लोकसंगीत की प्रस्तुति को खूब सराहना मिली और यह सांस्कृतिक एकता का सशक्त उदाहरण बना।
समाज सेवा और युवाओं के उत्थान के क्षेत्र में लंबे समय से सक्रिय रोहनदीप साहू आज धमतरी जिले के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बनकर उभर रहे हैं। अपने अनुभव साझा करते हुए उन्होंने कहा कि ‘माय भारत’ की यह पहल उन्हें प्रोफेशनल दुनिया की वास्तविक चुनौतियों, औद्योगिक संभावनाओं और नेतृत्व कौशल को समझने में मील का पत्थर साबित हुई है। उन्होंने बताया कि सूरत के बिजनेस मॉडल, औद्योगिक अनुशासन और विकास दृष्टिकोण से मिली सीख को वे छत्तीसगढ़, विशेषकर धमतरी जिले के युवाओं और समाज के विकास के लिए साझा करेंगे।
उल्लेखनीय है कि इस अंतरराज्यीय कार्यक्रम की थीम “एक भारत–श्रेष्ठ भारत: संस्कृति, संवाद और सहयोग” रही। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवाओं को देश के विभिन्न हिस्सों से जोड़ते हुए राष्ट्रीय एकता, आपसी समझ, नवाचार और समावेशी विकास की भावना को और अधिक सुदृढ़ करना रहा।
इस प्रकार माय भारत अंतरराज्य युवा आदान-प्रदान कार्यक्रम 2026 न केवल युवाओं के व्यक्तित्व विकास का सशक्त मंच साबित हुआ, बल्कि इसने राज्यों के बीच सांस्कृतिक और औद्योगिक सहयोग को भी नई दिशा दी।



