छत्तीसगढ़

मीसाबंदी लोकतंत्र के सच्चे रक्षक, आपातकाल में लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष किया : सीएम साय

मुख्यमंत्री ने मीसाबंदियों के परिजनों से की मुलाकात

गौरेला पेंड्रा मरवाही। गौरेला पेंड्रा मरवाही स्थापना दिवस और अरपा महोत्सव में शामिल होने के बाद आज सुबह बुधवार को मुख्यमंत्री विष्णु देव साय रायपुर रवाना होने से पूर्व पावर हाउस स्थित हनुमान मंदिर पहुंचे। मुख्यमंत्री ने मंदिर में पूजा-अर्चना और हवन किया। छत्तीसगढ़ की सुख-समृद्धि और खुशहाली के लिए आशीर्वाद मांगा।जिसके बाद वे गौरेला के मंगली बाजार में लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले जिले के मीसाबंदियों एवं उनके परिजनों से आत्मीय मुलाकात कर उन्हें सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री ने मीसाबंदी कोमलचन्द जैन एवं शिव कुमार सोनी के निवास पर पहुंचकर शाल व श्रीफल भेंटकर उन्हें नमन किया और विनम्र भाव से कहा कि हम आपका आशीर्वाद लेने आए हैं। मुख्यमंत्री साय ने आपातकाल के दौरान मीसाबंदियों द्वारा झेली गई पीड़ा और संघर्ष की दास्तां को गंभीरता से सुना तथा उनके साहस और त्याग को नमन किया। सीएम ने कहा कि मीसाबंदी लोकतंत्र के सच्चे रक्षक हैं, जिन्होंने देश में आपातकाल के कठिन दौर में अपने अधिकारों और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष किया। उनका त्याग और बलिदान आने वाली पीढिय़ों के लिए प्रेरणास्रोत है।

सीएम ने मीसाबंदियों के परिजनों से की मुलाकात
मुख्यमंत्री ने मीसाबंदियों से संवाद करते हुए उनके अनुभवों को जाना और राज्य सरकार द्वारा दी जा रही सम्मान राशि एवं अन्य सुविधाओं की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मीसाबंदियों के सम्मान और कल्याण के लिए पूर्णत: प्रतिबद्ध है तथा उनके योगदान को सदैव स्मरण रखा जाएगा। मीसाबंदियों ने भी मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार द्वारा दिया जा रहा सम्मान और सहयोग उनके संघर्ष की सच्ची मान्यता है।

Author Desk

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button