कांग्रेस ने असम को फूट डालो और राज करो की नीति की प्रयोगशाला बनाया : पीएम मोदी

पीएम ने असम को करीब 24 हजार करोड़ की परियोजनाओं की सौगात दी
सिलचर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम में कई बड़ी विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। प्रधानमंत्री ने नॉर्थ-ईस्ट इंडिया में सडक़ और शिक्षा से जुड़ी परियोजनाओं की आधारशिला रखी। पीएम मोदी ने सिलचर की रैली को सम्बोधित किया। उन्होंने कहा कि बराक घाटी का विकास हमने किया। कांग्रेस ने नॉर्थ-ईस्ट को भुला दिया था। कांग्रेस ने बराक घाटी की ताकत छीन ली थी। कांग्रेस ने नॉर्थ-ईस्ट को दिल और दिल्ली दोनों से दूर रखा था। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पहले यहां बराक वैली की कनेक्टिविटी से जुड़े, नॉर्थ-ईस्ट की कनेक्टिविटी से जुड़े, हजारों करोड़ रूपये के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है। रोड हो, रेल हो, एग्रीकल्चर कॉलेज हो, ऐसे हर प्रोजेक्ट से बराक वैली, नॉर्थ-ईस्ट का एक बड़ा लॉजिस्टिक और ट्रेड हब बनने जा रहा है। इससे यहां के नौजवानों के लिए रोजगार के, स्वरोजगार के अनगिनत अवसर बनने जा रहे हैं। मैं आप सभी को इन सारी विकास परियोजनाओं के लिए बहुत-बहुत बधाई देता हूं।
पीएम मोदी ने कहा, ‘भाजपा का मंत्र है- जो विकास के दौड़ में पीछे रह गया, उसे प्राथमिकता देना। कांग्रेस की सरकारें बॉर्डर एरिया को देश के अंतिम गांव मानती थी। लेकिन हम सीमावर्ती गांवों को देश के पहले गांव मानते हैं। बॉर्डर एरिया के विकास के लिए, कछार जिले से ही वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम का अगला चरण शुरू किया था। इससे बराक वैली के अनेक गांवों में भी सुधार होना तय हो गया है। कांग्रेस ने असम के युवाओं को सिर्फ हिंसा और आतंकवाद के कुचक्र में ही उलझाए रखा था। कांग्रेस ने असम को ‘फूट डालो और राज करो’ नीति की प्रयोगशाला बनाया। आज असम के युवाओं के सामने अवसरों का खुला आसमान है। आज देश का हर राज्य कांग्रेस को सबक सीखा रहा है। अब निकट भविष्य में कांग्रेस खुद की पराजय के इतिहास की सेंचुरी मारने वाली है।’
कांग्रेस की वजह से बराक घाटी का समुद्र से संपर्क टूटा : पीएम
पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस ने नॉर्थ-ईस्ट भारत को उसके हाल पर छोड़ दिया था। जब भारत को आजादी मिली, तो कांग्रेस ने सीमा निर्धारण इस प्रकार से होने दिया कि बराक घाटी का समुद्र से अहम संपर्क पूरी तरह से टूट गया। बराक वैली, जो कभी एक प्रमुख व्यापार मार्ग और इंडस्ट्रियल सेंटर के रूप में प्रसिद्ध थी, अपनी मूल ताकत से वंचित हो गई। प्रधानमंत्री मोदी बोले कि आजादी के बाद भी, दशकों तक कांग्रेस सरकारें रहीं; फिर भी, बराक वैली के विकास को बढ़ावा देने के लिए कोई ठोस स्टेप नहीं लिया गया। बीजेपी की 2 इंजन वाली सरकार अब इस हालात को बदल रही है। हम बराक वैली को व्यापार और वाणिज्य के एक प्रमुख सेंटर के रूप में दोबारा स्थापित करने के लिए अथक प्रयास कर रहे हैं।
उत्तर पूर्व का बड़ा लॉजिस्टिक और ट्रेड हब बनेगी बराक घाटी
पीएम मोदी ने शिलॉन्ग-सिलचर कॉरिडोर का भूमि पूजन किया। 166 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर की लागत करीब 22,860 करोड़ रुपये होगी। इससे असम और मेघालय के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी। इस कॉरिडोर की मदद से गुवाहाटी से सिलचर के बीच यात्रा का समय साढ़े आठ घंटे से कम होकर सिर्फ पांच घंटे रह जाएगी। पीएम मोदी ने अपने संबोधन में कहा ‘थोड़ी देर पहले यहां हजारों करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट का शिलान्यास और लोकार्पण हुआ है। रेल, कृषि वन ऐसे हर प्रोजेक्ट से बराक घाटी, उत्तर पूर्व का एक बड़ा लॉजिस्टिक और ट्रेड हब बनने जा रहा है। इससे यहां के नौजवानों के लिए रोजगार के अनगिनत अवसर बनने जा रहे हैं। मैं आप सभी को इन सारी विकास परियोजनाओं के लिए बहुत-बहुत बधाई देता हूं।’
कांग्रेस नेता नहीं लिख पाएंगे 24 हजार करोड़ : पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा कि आज लगभग 24 हजार करोड़ रुपये की लागत की शिलांग-सिलचर हाई-स्पीड कॉरिडोर प्रोजेक्ट का भूमि पूजन किया गया। कांग्रेस नेताओं से ही पूछ लीजिए। उन्हें पेन और कागज दीजिए और 24 हजार करोड़ रुपये लिखने को कहिए, तो वे लिख भी नहीं पाएंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बीजेपी का मूलमंत्र है विकास की दौड़ में पिछड़े लोगों को प्राथमिकता देना। कांग्रेस सरकारें सीमा वाले क्षेत्रों को देश के सबसे पिछड़े गांव मानती थीं। लेकिन हम इन गांवों को भारत के सबसे पहला गांव मानते हैं। इसी कारण से सीमावर्ती क्षेत्रों के विकास के मकसद से शुरू किए गए। यहां बड़ी संख्या में ऐसे लोग भी हैं जो चाय बागानों में काम करते हैं। असम सरकार ने इन चाय बागानों से जुड़े हजारों परिवारों को भूमि का अधिकार देकर बड़ी उपलब्धि हासिल की है।
पीएम ने 231 किमी लंबे फोर लेन कॉरिडोर की आधारशिला रखी
प्रधानमंत्री मोदी पश्चिम बंगाल में कई नई नेशनल हाईवे प्रोजेक्ट्स की आधारशिला रखेंगे। इनमें एनएच-116ए के 231 किलोमीटर लंबे फोर लेन वाले खडग़पुर-मोरग्राम इकोनॉमिक कॉरिडोर के 5 पैकेज शामिल हैं। यह प्रोजेक्ट खडग़पुर और सिलीगुड़ी के बीच आर्थिक गलियारे का भाग है। यह पश्चिम मेदिनीपुर, बांकुरा, बीरभूम, हुगली, पूर्वी बर्धमान और मुर्शिदाबाद जिलों से होकर गुजरेगा।
प्रधानमंत्री बंगाल में पोस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की रखेंगे नींव
प्रधानमंत्री मोदी पश्चिम बंगाल में कई पोस्ट इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की नींव भी रखेंगे। इनमें श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट के हल्दिया डॉक कॉम्प्लेक्स में बर्थ नंबर 5 का मशीनीकरण शामिल है। अन्य प्रोजेक्ट्स में कोलकाता डॉक सिस्टम में इंडेंचर मेमोरियल कॉम्प्लेक्स के पास नदी क्रूज टर्मिनल और नदी टूरिज्म फैसिलिटी के लिए टर्मिनल भवन का निर्माण शामिल है।



