
रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता अमित साहू ने बुधवार को मीडिया से चर्चा करते हुए कहा है कि प्रथम बार के युवा मतदाताओं से संवाद करने के बजाय मुख्यमंत्री भूपेश बघेल युवाओं के मन की पीड़ा और आक्रोश को महसूस करें। अपने पाँच साल के शासनकाल में कांग्रेस की प्रदेश सरकार ने युवाओं के साथ छल-कपट करके जिस तरह उनकी प्रतिभा और आत्मसम्मान को चोट पहुंचाई है, उसकी बड़ी कीमत चुकाने के लिए कांग्रेस और भूपेश सरकार को तैयार रहना चाहिए।
अमित साहू ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने युवाओं के भविष्य को भी अपने भ्रष्ट आचरण के चलते तबाह करने का काम किया है। लोक सेवा आयोग और व्यावसायिक परीक्षा मंडल में जिस तरह चहेते अफसरों व नेताओं को उपकृत करने के लिए पैसों का खेल खेला गया, उसने युवाओं के सपनों के पंख ही काट डाले, उनके हौसलों, प्रतिभा, परिश्रम व पुरुषार्थ को लहूलुहान करके हताशा के गर्त में धकेल दिया। अमित साहू ने कहा कि बेरोजगारी की दर 0.65 प्रतिशत बताकर झूठे आँकड़े पेश करके अपने मुँह मियाँ मिठ्ठू बनने वाली प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने रोजगार के नाम पर प्रतिभासंपन्न युवाओं को शराब की कोचियागिरी करते हुए डिलीवरी ब्वॉय बनाकर उनके साथ घिनौना मजाक किया। 50 लिपिक पदों के लिए 80 हजार और भृत्य के 91 पदों के लिए 2.25 लाख आवेदन जमा होना रोजगार के नाम पर प्रदेश सरकार के तमाम दावों की पोल खोल रहा है।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता ने कहा कि बेरोजगारी भत्ता का वादा भी इस सरकार ने पूरा नहीं किया। बेरोजगारी भत्ता के लिए प्रदेश सरकार ने जटिल मापदंड तय करके इस पूरी योजना को उलझाकर रख दिया। युवाओं की उच्च शिक्षा के लिए प्रदेश की भूपेश सरकार ने कोई नई पहल नहीं की। केंद्र सरकार द्वारा घोषित मेडिकल कॉलेजों की आधारभूत संरचना खड़ी करने में प्रदेश सरकार की अड़ंगेबाजी से पूरा प्रदेश, खासकर युवा पीढ़ी भली-भांति वाकिफ है।
अमित साहू ने आगे कहा कि तमाम छल-प्रपंच, नाकामियों और वादाखिलाफी के बाद अब मुख्यमंत्री बघेल पहली बार के युवा मतदाताओं को नए सिरे से भ्रमित करने के प्रयास में लगे हैं, जिसमें मुख्यमंत्री कभी सफल नहीं होंगे। ये युवा प्रदेश सरकार की दोगले राजनीतिक चरित्र के साक्षी हैं और किसी भी तरह के झाँसे में नहीं आने वाले हैं, मुख्यमंत्री बघेल यह बात अच्छी तरह गाँठ बांधकर रख लें।



