
रायपुर। भाजपा विधायक एवं पूर्व मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने राजधानी रायपुर के समीप महादेव घाट में खारून नदी के किनारे खारुन रिवर फ्रंट विकसित करने की योजना पर कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पिछले पौने 5 साल में हर कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर, हर समीक्षा बैठक में, अनेक मौके पर खारुन नदी के किनारे रिवर फ्रंट बनाने की घोषणा की थी। क्या हुआ उस रिवर फ्रंट का ? कितने का रिवर फ्रंट है? कहां पर बना है? कितना पैसा खर्च हुआ? मुख्यमंत्री को यह बताना चाहिए।
बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि महादेव घाट धार्मिक स्थल है पवित्र स्थल है वहां पुन्नी मेला लगता है मुख्यमंत्री खुद स्नान करने जाते हैं। नदी की दूसरी तरफ पाटन है उनका खुद का जिला दुर्ग है। उसके बाद भी जो व्यक्ति विकास के नाम पर अपने लोगों को धोखा दे सकता है अपने लोगों को सब्जबाग दिखा सकता है उसे प्रदेश के साथ न्याय की क्या उम्मीद की जा सकती है?
उन्होंने आगे कहा कि भाजपा के शासनकाल में ही खारुन नदी के किनारे पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का प्रयास किया गया था। जल संसाधन विभाग द्वारा जहां लगभग 7 करोड़ की लागत से वृहद लक्ष्मण झूले का निर्माण किया गया वहीं नदी के दूसरी ओर पाटन की ओर करोड़ों खर्च एक बड़ा गार्डन, पाथवे, ओपन जिम, पिकनिक स्पॉट, केंटीन, झूला सभी लगाया गया था हजारों पर्यटक रोज जा रहे थे। शनिवार, रविवार, त्यौहार व छुट्टियों के दिन मेला लगा रहता था, पर पिछले 5 सालों में इस सरकार ने इन विकास कार्यों को मेंटेन तक नही कर पा रही है। आगे की जो योजना थी उसके निर्माण को बंद कर दिया गया। पौने 5 साल में एक ईट नही रखी गई। बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की लगभग सभी घोषणाओं का यही हाल है। राजधानी रायपुर के विकास के बजाय भूपेश बघेल की सरकार ने रायपुर का विनाश ही किया है।



