राजस्थान के सलूंबर में 8 दिन में 8 बच्चों की मौत, 275 बच्चों में दिमागी बुखार के लक्षण, प्रशासन अलर्ट

राजस्थान के सलूंबर में 8 दिन में 8 बच्चों की मौत, 275 बच्चों में दिमागी बुखार के लक्षण, प्रशासन अलर्ट
सलूंबर। राजस्थान के सलूंबर जिले के लसाडिय़ा ब्लॉक के घाटा, लालपुरा और अन्य गांवों में 8 दिन में 8 बच्चों की मौत से हडक़ंप मच गया है। चिकित्सा विभाग प्राथमिक जांच में इन मौतों का मुख्य कारण दिमागी बुखार (वायरल इंसेफैलाइटिस) से जोडक़र देख रहा है। इसके बाद अब उदयपुर संभाग के सभी जिलों में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से सर्वे शुरू कर दिया गया है, जिसमें 275 बच्चों में दिमागी बुखार के लक्षण पाए गए हैं।
सलूंबर जिले के लसाडिय़ा ब्लॉक के गांवों में पिछले आठ दिनों में 8 बच्चों की मौत के बाद चिकित्सा विभाग संक्रमण के खतरे को भांपते हुए अलर्ट मोड पर है। उदयपुर जोन के सभी जिलों में सर्वे शुरू किया गया है। 7 और 8 अप्रैल को स्वास्थ्य विभाग की 3,690 टीमों ने 52,276 घरों का सर्वे किया, जिसमें 275 बच्चों में दिमागी बुखार जैसे लक्षण पाए गए हैं। सभी जिलों में चिकित्सा संस्थानों को अलर्ट मोड पर रखते हुए निर्देश दिए गए हैं कि बुखार, उल्टी और ऐंठन जैसे लक्षण वाले हर बच्चे की गहन जांच कर तत्काल रिपोर्ट भेजी जाए।
लसाडिय़ा ब्लॉक में जयपुर और उदयपुर के चिकित्सकों की टीम सहित स्वास्थ्यकर्मी गांव-गांव और घर-घर जाकर बच्चों की स्क्रीनिंग कर रहे हैं। प्रभावित क्षेत्रों में घरों में फॉगिंग भी की जा रही है। जिला कलेक्टर मुहम्मद जुनेद पीपी ने सीएमएचओ डॉ. महेंद्र परमार को वायरल इंसेफैलाइटिस के संभावित खतरे को ध्यान में रखते हुए बीमारी की रोकथाम और प्रभावी नियंत्रण के लिए त्वरित कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने को-मॉर्बिड और हाई-रिस्क प्रेगनेंसी के मामलों में विशेष चिकित्सकीय निगरानी रखने को भी कहा है।



