
रायपुर। असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा आज छत्तीसगढ़ दौरे पर हैं। वे 2 विधानसभाओं में चुनावी प्रचार करेंगे। बता दें कि 6 रोड शो और 1 चुनावी जनसभा में शामिल होंगे। इस दौरान राजधानी पहुंचे हिमंता बिस्वा शर्मा ने कांग्रेस सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि, भूपेश बघेल है तो भरोसा है, लेकिन ये नारे के लिए कांग्रेस ने यह निर्णय लिया है कि सभी पोस्टर बैनर में से मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का नाम हटाना चाहिए।
मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि, छत्तीसगढ़ का चुनाव भूपेश बघेल के नाम में हुआ था। इस वर्ष के चुनाव में भूपेश बघेल का नाम रिप्लेस होते जा रहा है। कांग्रेस भी उन्हें धीरे-धीरे सीएम पद से हटा रही है। सीएम तो उन्हें प्रमोट नहीं करना है, क्योंकि सीएम तो बीजेपी बनाएगी।
हिमंता ने कहा कि, अच्छी चीज के लिए तो इंतजार थोड़ा करना ही होता है। भूपेश बघेल और कांग्रेस जो घोषणा कर रही है। उसका कोई महत्व नहीं है। बीजेपी जो घोषणा पत्र जारी करेगी वह खरा सोना होगा। बीजेपी सही समय पर सही फैसला लेगी। ऑनलाइन को हम ऑफलाइन नहीं करेंगे। इस बार बीजेपी अच्छा घोषणा पत्र जारी करेगा। थोड़ा इंतजार कीजिए, बहुत ही बेहतर घोषणा पत्र जारी होगा।
धर्मांतरण के मुद्दे लेकर सीएम हिमंता ने कहा, छत्तीसगढ़ में धर्मांतरण कोई मुद्दा नहीं है। यह एक सामाजिक मुद्दा है। यह बहुत बड़ा मुद्दा है। यह हमारे खिलाफ एक आपराधिक साजिश हो रही है। छत्तीसगढ़ को यदि बचाना है तो कोई ना कोई बड़ा कानून व्यवस्था धर्मांतरण के खिलाफ लाना ही होगा। धर्मांतरण लालच के साथ नहीं होना चाहिए। मुख्यमंत्री से अगर सवाल करू तो भूपेश बघेल खुद भी धर्मांतरण के खिलाफ ही होंगे।
सीएम सरमा ने कहा की, छत्तीसगढ़ के अधिकारी को क्यों आखिरकार अब तक जमानत नहीं मिलती। गिरफ्तार तो ईडी और सीबीआई ने की। चलो ईडी, सीबीआई तो गलत है, लेकिन क्या अब कोर्ट भी गलत हो गई। अगर आज मनीष सिसोदिया को सुप्रीम कोर्ट ने बेल नहीं दी तो क्या आप अभी बोलेंगे कि सुप्रीम कोर्ट भी गलत है। ईडी और सीबीआई तो कई लोगों को अरेस्ट करता है। केवल 24 घंटे अपने हिरासत में रख सकता है। 24 घंटे के बाद उसे व्यक्ति को अदालत में पेश किया जाता है, अदालत उसे कस्टडी देती है। जेल में उन्हें गेस्ट बनाकर कौन रखते हैं। अदालत रखते हैं, यदि अगर आप कोर्ट के खिलाफ भी सवाल करते हैं तो आप महान हैं।



