केंद्रीय बजट पर मध्यम वर्ग और युवाओं की मिलीजुली प्रतिक्रिया

रायपुर। केंद्रीय बजट भाषण 2024 के दौरान केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने केंद्र सरकार की कई योजनाओं के बारे में बताया। इस दौरान उन्होंने मोदी सरकार की कई योजनाओं से देश को मिले लाभों के बारे में जानकारी दी। मोदी सरकार ने सबका साथ, सबका विकास के मंत्र के साथ विभिन्न चुनौतियों का सामना किया और लोकसभा चुनाव 2024 के पूर्व इस अंतरिम बजट से जनता को काफी अपेक्षा रही। बजट के बाद राजनितिक गलियारों और आम जनता सहित युवाओं की प्रतिक्रिया सामने आई है।

कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने बजट को निराशाजनक बताया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार निराशाजनक बजट लेकर आई है। यह सरकार 10 साल में जनता की अपेक्षाओं को पूरा नहीं कर सकी है। यह मोदी सरकार की विदाई का अंतिम बजट है। अब 2024 के लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार बनेगी और जनता की अपेक्षाओं को पूरा करने वाला बजट होगा। हर वर्ग को लाभान्वित करने वाला बजट कांग्रेस सरकार लाएगी।

वरिष्ठ भाजपा नेता गौरीशंकर श्रीवास ने कहा कि हमारा बजट जनस्पर्शी, सर्वस्पर्शी, मध्यम वर्ग से लेकर किसान युवा सहित हर वर्ग को रहत देने वाला बजट है। यह बजट आने वाले भारत को आगे ले जाने वाला बजट है जिसमे हर वर्ग को हमसे जो उम्मीद थी स्वास्थ्य शिक्षा और इंफ़्रा के क्षेत्र में इन उम्मीदों पर खरा उतरते हुए यह बजट लाये है। यही मोदी जी का नया भारत है नई गारंटी है। उन्होंने आगे कहा कि यह सिर्फ बजट नहीं विजन है। आने वाले समय में आर्थिक उन्नति की ओर हम अग्रसर होंगे।

युवा कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष आकाश शर्मा ने कहा कि बजट में हर बार की तरह युवाओं को झुनझुना मिला है। युवाओ को कुछ नहीं दिया गया है। रोजगार की व्यवस्था को लेकर बजट में सरकार का कोई विजन दिखा नहीं है। बीते वर्षों में सरकार के जो वादे थे युवाओं को लेकर वह अब तक पुरे नहीं हुए हैं। सरकार ने रोजगार की निति नहीं बनाई जिससे बेरोजगारों को लाभ मिलता। जब देश में युवाओ की बड़ी आबादी है तो उनके लिए क्या व्यवस्था की गई।

रायपुर सराफा एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष हरख मालू ने कहा की यह देश को तीव्र गति से आगे ले जाने वाला बजट है। बजट में प्रस्तावित gst निति में परिवर्तन करते हुए भार क्रेता को दिया गया है जो फायदेमंद है। क्रेता जो सामान खरीद रहा है उसका टैक्स स्वयं पटायेगा। हमने सोने का आयात शुल्क कम करने की मांग की थी किन्तु इसे नजर अंदाज कर दिया गया है। हमने इस ओर ध्यान दिलाया था कि यदि आयात शुल्क काम करते हैं तो सरकार का रेवेन्यू बढ़ेगा।

रायपुर निवासी प्रदीप डे के अनुसार बजट में मध्यम को कुछ नहीं मिला। उन्होंने कहा कि मध्यम वर्ग को इस बार भी कुछ नहीं दिया गया है। जो सुविधाएं बीपीएल परिवार को दिया जाता है और जो सुविधाएं टैक्स में छूट के रूप में बड़े उद्योगपति को मिलती है ऐसी कोई भी रहत मध्यम वर्ग को नहीं मिली है। पेट्रोल, गैस का दाम बढ़ता है तो कोई राहत नहीं मिलती।

राजधानी के युवाओं ने भी बजट पर अपनी प्रतिक्रिया दी। अमन नगर मोवा निवासी नुसरत परवीन ने कहा की इस बार का बजट अन्य बार के बजट से राहत देने वाला है। नुसरत ने कहा की सरकार ने 10 वर्षों में सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के साथ काम किया। सरकार अच्छा काम कर रही है इसे और बेहतर करने की जरुरत है। उन्होंने कहा वित्त मंत्री का कहना कि समय पर आर्थिक मदद, प्रासंगिक प्रौद्योगिकी, एमएसमएइ को सशक्त बनाने जैसे पहुलओं पर नई नीतियों के जरिए काम होगा, यह उत्साह जनक है।

वही लीना साहू ने बजट को अच्छा बताया है। लीना ने कहा कि युवाओं को नौकरी की दरकार है। सरकार ने रोजगार के क्षेत्र में काम किया है लेकिन बजट को युवाओं की अपेक्षाओं के अनुरूप बनाना होगा। मोदी सरकार की कई योजनाओं से देश को लाभ मिला है। युवाओं की यही मांग है की उन्हें रोजगार मिले।



