एसपी भावना पांडेय की पहली बैठक, अनुशासन और सख्त पुलिसिंग पर स्पष्ट संदेश
नशा, जुआ, सट्टा, अवैध शराब, चाकूबाजी पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश, जनता के प्रति संवेदनशील व्यवहार पर दिया जोर

एसपी भावना पांडेय की पहली बैठक, अनुशासन और सख्त पुलिसिंग पर स्पष्ट संदे
नशा, जुआ, सट्टा, अवैध शराब, चाकूबाजी पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश, जनता के प्रति संवेदनशील व्यवहार पर दिया जो
धमतरी। जिले की पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय (भा.पु.से.) ने बुधवार को जिले के सभी राजपत्रित अधिकारियों, थाना एवं चौकी प्रभारियों की परिचयात्मक बैठक लेकर कानून-व्यवस्था, अनुशासन, जनोन्मुखी पुलिसिंग और अपराध नियंत्रण को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि धमतरी पुलिस की कार्यशैली अनुशासित, पारदर्शी, संवेदनशील और जनता के प्रति जवाबदेह होनी चाहिए। अनुशासनहीनता किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में एसपी भावना पांडेय ने सभी थाना एवं चौकी प्रभारियों को अपने अधीनस्थ कर्मचारियों में अनुशासन बनाए रखने, साफ-सुथरी वर्दी, उत्कृष्ट टर्नआउट और समयबद्ध ड्यूटी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को पुरस्कृत करने तथा लापरवाही और कदाचार करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा।
उन्होंने जिले में Visible एवं Basic Policing को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश देते हुए सदर बाजार सहित प्रमुख बाजारों में नियमित पैदल गश्त, भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों, संवेदनशील स्थानों एवं धार्मिक स्थलों पर लगातार पुलिस की उपस्थिति सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
एसपी ने नशे के खिलाफ विशेष अभियान चलाने, जुआ, सट्टा, अवैध शराब और अन्य अवैध कारोबारों पर लगातार कार्रवाई करने, चाकूबाजी की घटनाओं पर विशेष निगरानी रखने तथा ऑनलाइन माध्यम से चाकू मंगाने वालों पर भी वैधानिक कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बैठक में होटल एवं ढाबों की नियमित जांच, अवैध रूप से शराब परोसने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई तथा सराफा लाइन, बैंक, एटीएम और अन्य महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों में रात्रि गश्त बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए।
थाना प्रबंधन को लेकर उन्होंने सभी थाना एवं चौकी परिसरों में स्वच्छता, शासकीय वाहनों एवं संसाधनों के बेहतर रखरखाव तथा सीसीटीवी कैमरों को हमेशा चालू और अद्यतन रखने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई को प्राथमिकता देते हुए एसपी ने कहा कि थाने आने वाले प्रत्येक फरियादी के साथ शालीन एवं संवेदनशील व्यवहार किया जाए। एफआईआर योग्य मामलों में तत्काल अपराध दर्ज किया जाए, सीसीटीएनएस में समय पर प्रविष्टियां अपडेट हों तथा NATGRID सहित उपलब्ध तकनीकी संसाधनों का अधिकतम उपयोग कर अनुसंधान एवं अपराध नियंत्रण को प्रभावी बनाया जाए।
उन्होंने लंबित समंस एवं वारंटों के त्वरित निष्पादन के भी निर्देश दिए।
बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शैलेंद्र कुमार पांडेय, नगर पुलिस अधीक्षक अभिषेक चतुर्वेदी, एसडीओपी, डीएसपी, रक्षित निरीक्षक, सभी थाना एवं चौकी प्रभारी सहित जिले के राजपत्रित अधिकारी और पुलिस अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।


