
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर राज्यसभा में अपनी बात रख रहे हैं। अपने संबोधन की शुरुआत में पीएम मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण की तारीफ की। पीएम मोदी ने कहा ‘संविधान की यात्रा के इस महत्वपूर्ण पड़ाव पर राष्ट्रपति जी के भाषण का एक एतिहासिक महत्व भी रहता है। उन्होंने अपने भाषण में भारत के उज्ज्वल भविष्य के प्रति विश्वास को प्रकट किया है और भारत के कोटि-कोटि जनों का जो सामर्थ्य है, उसे भी बहुत कम शब्दों और बहुत शानदार तरीके से सदन में प्रस्तुत किया है। मैं राष्ट्रपति जी के इस प्रेरक उद्भोदन के लिए और राष्ट्र को दिशा देने के लिए उन्हें धन्यवाद देता हूं।’
पीएम मोदी ने कहा ‘जिस कांग्रेस ने सत्ता के लालच में सरेआम लोकतंत्र का गला घोंट दिया था। जिस कांग्रेस ने दर्जनों बार लोकातांत्रिक तरीकों से चुनकर आई सरकारों को रातों रात भंग कर दिया। बर्खास्त कर दिया। जिस कांग्रेस ने देश के संविधान-लोकतंत्र की मर्यादाओं को जेल के पीछे बंद कर दिया था। जिस कांग्रेस ने अखबारों पर ताले लगाने की कोशिश की। जिस कांग्रेस ने देश को तोड़ने का नया नैरेटिव गढ़ने का काम किया है। जो उत्तर-दक्षिण को तोड़ने की बात कह रही है। वह हमें फेडरलिज्म पर प्रवचन दे रही है।’



