जनप्रतिनिधियों पर दर्ज आपराधिक मामलों की जल्द सुनवाई के निर्देश

हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट से मांगी रिपोर्ट, 25 अगस्त को अगली सुनवाई
बिलासपुर। सांसद, विधायक, पूर्व सांसद और पूर्व विधायकों के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामलों की सुनवाई में तेजी लाने के निर्देश छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने दिए हैं। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने प्रदेश की विभिन्न अदालतों में लंबित इन प्रकरणों की अद्यतन स्थिति रिपोर्ट तलब की है। सुनवाई के दौरान न्याय मित्र डॉ. एनके शुक्ला ने डिवीजन बेंच को बताया कि पिछली स्टेटस रिपोर्ट की तुलना में जनप्रतिनिधियों से जुड़े लंबित आपराधिक मामलों की संख्या में दो मामलों की कमी आई है। इनमें रायपुर और कबीरधाम जिले के एक-एक प्रकरण का निराकरण हो चुका है।
हाईकोर्ट ने स्थिति को रिकॉर्ड पर लेते हुए अगली सुनवाई 25 अगस्त 2026 को निर्धारित की है। साथ ही रजिस्ट्रार ज्यूडिशियल को निर्देश दिया है कि सभी संबंधित ट्रायल कोर्ट से ताजा रिपोर्ट प्राप्त कर हाईकोर्ट के समक्ष प्रस्तुत करें।
कई जिलों में चल रही सुनवाई
जून 2026 की स्थिति में बिलासपुर जिले में जनप्रतिनिधियों से जुड़े आपराधिक मामलों में कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव समेत अन्य के खिलाफ प्रकरण विचाराधीन है। वहीं बलौदाबाजार जिले में तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश और सीजेएम कोर्ट में भिलाई विधायक देवेंद्र यादव, पूर्व विधायक प्रमोद शर्मा समेत अन्य से जुड़े मामलों की सुनवाई जारी है। जांजगीर-चांपा जिले में विधायक बालेश्वर साहू और अन्य से संबंधित मामलों में अभियोजन पक्ष के साक्ष्य दर्ज किए जा रहे हैं।
रायपुर में भी कई मामले लंबित
रायपुर जिले की विभिन्न अदालतों में जनप्रतिनिधियों से जुड़े कई चर्चित आपराधिक मामले लंबित हैं। पीएमएलए और ईडी स्पेशल कोर्ट में देवेंद्र यादव, चंद्रदेव प्रसाद राय और कवासी लखमा से जुड़े मामलों की सुनवाई चल रही है। वहीं सीजेएम रायपुर कोर्ट में संजीव शुक्ला, देवेंद्र यादव, उद्देश्वरी करा, आकाश शर्मा और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल से जुड़े पुराने मामलों में न्यायिक प्रक्रिया जारी है। हाईकोर्ट ने सभी निचली अदालतों को आदेश की प्रति तत्काल भेजने के निर्देश दिए हैं, ताकि लंबित मामलों की प्रगति और वर्तमान स्थिति समय पर न्यायालय के सामने रखी जा सके।



