वी आर जेन ज़ी कहकर मचाया बवाल, अब सेना के सामने झुका सिर; बोली- ‘मुझे माफ कर दो’

लद्दाख चेकपोस्ट विवाद: वायरल वीडियो वाली पर्यटक ने सेना के जवानों से मांगी माफी
नई दिल्ली। लद्दाख के मिनिमर्ग चेकपोस्ट पर सुरक्षा कर्मियों से बहस करने के बाद सोशल मीडिया पर वायरल हुई पर्यटक ने अब भारतीय सेना के जवानों से माफी मांगी है। महिला ने अपने व्यवहार पर पछतावा जताते हुए जवानों से उसे अपनी छोटी बहन समझकर माफ करने की अपील की। माफी मांगते हुए महिला ने कहा, कृपया मेरे देश के जवान भाई, मुझे माफ कर दो। उसने माना कि चेकपोस्ट पर जो कुछ हुआ, उसमें उसकी गलती थी और उसे अपने व्यवहार का अफसोस है।
महिला ने भारतीय सेना के जवानों की भूमिका की तारीफ करते हुए कहा कि सेना के जवान देश की सीमाओं पर तैनात रहकर लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं, ताकि देशवासी सुरक्षित और चैन से सो सकें। उसने यह भी कहा कि लोग कई बार निराशा और गुस्से में ऐसी बातें कह देते हैं, जिनका बाद में उन्हें पछतावा होता है।
क्या था पूरा विवाद?
मामला लद्दाख के मिनिमर्ग चेकपोस्ट का है। कुछ दिन पहले सामने आए वायरल वीडियो में महिला कई घंटे तक ट्रैफिक रोके जाने को लेकर नाराज दिखाई दे रही थी। वह सुरक्षा कर्मियों से पर्यटकों को रोके जाने की वजह पूछ रही थी। वीडियो में महिला ने खुद को जेन ज़ी बताते हुए कहा था कि हम जेन ज़ी हैं और इस तरह की बकवास बर्दाश्त नहीं करने वाले। इसके बाद उसने ट्रैफिक प्रतिबंधों और पर्यटकों को रोके जाने पर सवाल उठाए। उसने अन्य पर्यटकों से भी वहां से जाने की अपील की थी।
विवाद उस समय और बढ़ गया, जब महिला ने कथित तौर पर कहा कि हमारे टैक्स से सबको सैलरी जाती है और जवानों के व्यवहार पर आपत्ति जताई। वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर महिला के व्यवहार और सुरक्षा कर्मियों से बात करने के तरीके को लेकर काफी नाराजगी देखने को मिली।
उमर अब्दुल्ला ने भी जताई थी नाराजगी
विवाद पर जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला समेत कई पूर्व सैन्य अधिकारियों ने प्रतिक्रिया दी थी। उमर अब्दुल्ला ने महिला के बार-बार जेन ज़ी शब्द के इस्तेमाल पर तंज कसते हुए इस रवैये की तुलना पुराने जानते नहीं हो मेरे बाप कौन हैं वाले अंदाज से की थी।
हालांकि, अब महिला ने अपने व्यवहार पर खेद जताते हुए सेना के जवानों से माफी मांगी है। उसने भारतीय सेना और जम्मू-कश्मीर में तैनात जवानों से भी माफी मांगते हुए कहा कि उसे अपनी गलती का एहसास जल्दी हो गया था। साथ ही उसने जवानों से अपील की कि वे उसे अपनी छोटी बहन समझकर माफ कर दें।



