विश्व प्रसिद्ध रथ यात्रा का महापर्व आज: भगवान जगन्नाथ के संदेश को जीवन में अपनाएँ – पं. राजेश शर्मा
नगरवासियों को दी शुभकामनाएँ, कहा– सनातन संस्कृति की गौरवशाली परंपरा है श्री जगन्नाथ रथ यात्रा

विश्व प्रसिद्ध रथ यात्रा का महापर्व आज: भगवान जगन्नाथ के संदेश को जीवन में अपनाएँ – पं. राजेश शर्म
नगरवासियों को दी शुभकामनाएँ, कहा– सनातन संस्कृति की गौरवशाली परंपरा है श्री जगन्नाथ रथ यात्र
धमतरी। भगवान श्री जगन्नाथ की विश्वविख्यात एवं पावन रथ यात्रा के शुभ अवसर पर भाजपा प्रदेश कार्यसमिति के स्थायी आमंत्रित सदस्य पं. राजेश शर्मा ने समस्त नगरवासियों, प्रदेशवासियों एवं श्रद्धालुओं को हार्दिक शुभकामनाएँ एवं मंगलकामनाएँ प्रेषित की हैं। उन्होंने भगवान श्री जगन्नाथ, भगवान बलभद्र एवं माता सुभद्रा से सभी के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि, उत्तम स्वास्थ्य एवं खुशहाली की कामना की।
पं. राजेश शर्मा ने अपने शुभकामना संदेश में कहा कि भगवान श्री जगन्नाथ की रथ यात्रा केवल एक धार्मिक उत्सव नहीं, बल्कि सनातन धर्म की गौरवशाली परंपरा, सामाजिक समरसता, सेवा, समानता, प्रेम और मानवता का प्रतीक है। यह महापर्व हमें एक-दूसरे के प्रति सद्भाव, सहयोग और आध्यात्मिक चेतना के साथ जीवन जीने की प्रेरणा देता है।
उन्होंने कहा कि भगवान जगन्नाथ का अर्थ है “जगत के नाथ”, अर्थात संपूर्ण सृष्टि के पालनहार। ओडिशा के पुरी धाम स्थित श्री जगन्नाथ मंदिर से निकलने वाली यह भव्य रथ यात्रा विश्वभर में आस्था का केंद्र मानी जाती है। इस यात्रा में भगवान जगन्नाथ अपने बड़े भाई भगवान बलभद्र एवं बहन माता सुभद्रा के साथ भव्य रथों पर विराजमान होकर गुंडिचा मंदिर की यात्रा करते हैं। लाखों श्रद्धालु रथ की रस्सी खींचकर स्वयं को धन्य मानते हैं। धार्मिक मान्यता है कि श्रद्धा एवं भक्ति के साथ भगवान के रथ के दर्शन और सेवा करने से जीवन के अनेक कष्ट दूर होते हैं तथा प्रभु की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
उन्होंने कहा कि भगवान श्री जगन्नाथ की रथ यात्रा हमें यह संदेश देती है कि ईश्वर के समक्ष सभी समान हैं। जाति, वर्ग और भेदभाव से ऊपर उठकर समाज में प्रेम, भाईचारा, सेवा और सद्भाव की भावना को मजबूत करना ही इस महापर्व का वास्तविक उद्देश्य है। आज के समय में इस संदेश को आत्मसात करना अत्यंत आवश्यक है।
पं. राजेश शर्मा ने नगरवासियों से अपील की कि वे रथ यात्रा के इस पावन पर्व पर श्रद्धा, अनुशासन एवं उत्साह के साथ शामिल होकर भगवान श्री जगन्नाथ का आशीर्वाद प्राप्त करें तथा सनातन संस्कृति की महान परंपराओं के संरक्षण और संवर्धन में अपनी सहभागिता निभाएँ।
अंत में उन्होंने कहा कि भगवान श्री जगन्नाथ की असीम कृपा से प्रत्येक परिवार सुखी, समृद्ध एवं निरोगी रहे तथा हमारा नगर, प्रदेश और देश निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर हो।
🚩 जय श्री जगन्नाथ!
🚩 सनातन धर्म की जय!
🚩 भारत माता की जय!



