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लोकसभा से 8 विपक्षी सांसदों का निलंबन रद्द, बजट सत्र के पहले चरण में हुआ था एक्शन

लोकसभा से 8 विपक्षी सांसदों का निलंबन रद्द, बजट सत्र के पहले चरण में हुआ था एक्शन

नई दिल्ली। लोकसभा में विपक्ष के 8 सांसदों का निलंबन रद्द हो गया है। संसद के बजट सत्र के पहले फेज में इन लोकसभा सांसदों को सदन की अवमानना के मामले में निलंबित कर दिया गया था। निलंबित होने वाले सांसदों में 7 कांग्रेस के और 1 माकपा से हैं। विपक्षी दलों के इन 8 सांसदों पर लोकसभा में बीते 3 फरवरी को एक्शन लिया गया था। सांसदों ने बजट सत्र के पहले चरण के दौरान आसन की ओर कागज फेंका था। सदन की अवमानना के इस मामले में इन सांसदों को बजट सत्र के बाकी समय के लिए निलंबित कर दिया गया था।

संसदीय कार्यमंत्री किरेन रिजिजू की तरफ से प्रस्ताव रखे जाने के बाद स्पीकर ओम बिरला ने लोकसभा सांसदों की तरफ से मतदान कराया। निलंबन रद्द किए जाने की सहमति बनने पर उन्होंने आठों सांसदों का नाम लेकर कहा कि सभी सांसदों का निलंबन तत्काल प्रभाव से निरस्त किया जा रहा है। अब ये सभी सांसद संसद के बजट सत्र में हिस्सा ले सकेंगे। इस फैसले के दौरान स्पीकर ओम बिरला ने सांसदों को अनुशासन का पाठ भी पढ़ाया। उन्होंने कहा कि सदन के भीतर तख्तियां, बैनर और एआई जनित तस्वीरों के इस्तेमाल की सख्त मनाही है। सभी सांसदों को इसका ध्यान रखना चाहिए।

लोकसभा से जिन विपक्षी सांसदों का निलंबन रद्द किया गया है उनमें कांग्रेस के मणिकम टैगोर, अमरिंदर सिंह राजा वडिंग, गुरजीत सिंह औजला, हिबी ईडन, डीन कुरियाकोस, प्रशांत पडोले, किरण कुमार रेड्डी और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के एस वेंकटेशन शामिल हैं। बता दें कि लोकसभा से निलंबित किए जाने के बाद से ये सांसद कार्यवाही वाले दिन संसद के मकर द्वार पर धरना दे रहे थे।

ओम बिरला ने की नेताओं के साथ बैठक
जानकारी के मुताबिक, सोमवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सभी दलों के नेताओं के साथ एक बैठक की। इस बैठक में ही 8 विपक्षी सांसदों के निलंबन को वापस लेने पर सहमति बनी। सदन में कांग्रेस के मुख्य सचेतक ने आसन से सांसदों के निलंबन को रद्द करने का अनुरोध किया और विपक्षी सदस्यों के आचरण पर खेद भी जताया है। इसके बाद संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने लोकसभा में विपक्षी सांसदों के निलंबन को खत्म करने का प्रस्ताव रखा। इस प्रस्ताव को सदन ने ध्वनिमत से मंजूरी दे दी।

रिजिजू के प्रस्ताव पर रद्द हुआ निलंबन
इससे पहले संसदीय कार्यमंत्री किरेन रिजिजू ने भी कहा कि सरकार या सत्ताधारी खेमा किसी भी सांसद को सदन की कार्यवाही से जानबूझकर बाहर निकालना नहीं चाहता। उन्होंने कहा कि सरकार सभी मुद्दों पर चर्चा के लिए तैयार है। निलंबन की कार्रवाई और सांसदों को राहत दिए जाने पर चर्चा के दौरान महाराष्ट्र से निर्वाचित महिला सांसद सुप्रिया सुले ने असहमति को दबाए जाने को लेकर चिंता जाहिर की।

Author Desk

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