पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की पहल, सर्व गुजराती समाज पूरे प्रदेश में चलाएगा वृक्षारोपण अभियान

वृक्ष ही धरती का सबसे सुंदर आभूषण, हर नागरिक लगाए कम से कम एक पौधा – प्रितेश गांधी
धमतरी- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर सर्व गुजराती समाज छत्तीसगढ़ द्वारा पर्यावरण संरक्षण और हरियाली बढ़ाने के उद्देश्य से व्यापक वृक्षारोपण अभियान की शुरुआत की गई। गुजराती कॉलोनी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान विभिन्न धार्मिक, औषधीय एवं पर्यावरणीय महत्व वाले वृक्षों का रोपण कर समाज के लोगों को अधिक से अधिक पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर समाज के पदाधिकारियों ने कहा कि वृक्ष केवल प्रकृति की सुंदरता नहीं बढ़ाते, बल्कि मानव जीवन, पर्यावरण संतुलन और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के आधार भी हैं। बढ़ते प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और घटते हरित क्षेत्र को देखते हुए अब वृक्षारोपण केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक दायित्व बन चुका है। समाज के प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल करने का संकल्प लेना चाहिए।
वक्ताओं ने कहा कि धरती को हरा-भरा बनाए रखने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता है। हरियाली से न केवल पर्यावरण सुरक्षित रहता है, बल्कि समाज में सुख, शांति और समृद्धि का वातावरण भी निर्मित होता है। प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी निभाते हुए वृक्षारोपण को जनआंदोलन का स्वरूप देना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
कार्यक्रम के दौरान बेल, नीम, कनेर सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए। समाज के पदाधिकारियों ने प्रदेशभर में उपयुक्त स्थानों पर बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण करने और अधिक से अधिक लोगों को इस अभियान से जोड़ने का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस से शुरू किया गया यह अभियान पूरे वर्ष निरंतर जारी रहेगा तथा समाज के माध्यम से हजारों पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया जाएगा।
कार्यक्रम में नगर निगम के पूर्व सभापति राजेंद्र शर्मा, जलाराम ज्ञानयज्ञ समिति के अध्यक्ष बिपिन पटेल, गुजराती समाज के पूर्व अध्यक्ष लखमशी भानुशाली, हरि कटारिया, महेन्द्र राजपुरिया, प्रकाश गांधी, भूपेश शाह, योगेश गांधी, कांति माणेक, कीर्ति गांधी, नादू त्रिवेदी सहित बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।
पर्यावरण संरक्षण के इस संदेश के साथ उपस्थित लोगों ने वृक्ष लगाने और उनके संरक्षण का संकल्प लिया तथा आमजन से भी इस पुनीत अभियान में सहभागी बनने की अपील की।



