उज्जैन में शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने पर तनाव, पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले; भारी बल तैनात

उज्जैन। सडक़ चौड़ीकरण परियोजना के तहत शाही मस्जिद के एक हिस्से को हटाने की कार्रवाई को लेकर सोमवार को उज्जैन में तनाव की स्थिति बन गई। मौके पर बड़ी संख्या में लोग जुटे और पुलिस के साथ टकराव की स्थिति बनी। पुलिस के मुताबिक, भीड़ की ओर से पथराव की घटना सामने आने के बाद आंसू गैस के गोले छोडक़र लोगों को हटाया गया। इलाके में भारी पुलिस बल और रैपिड एक्शन फोर्स की तैनाती की गई है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मस्जिद के आसपास करीब 500 मीटर के क्षेत्र में बैरिकेडिंग कर आवाजाही पर प्रतिबंध लगाया गया है। पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं।
सडक़ चौड़ीकरण को लेकर विवाद
विवाद उज्जैन में आगामी सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के तहत सडक़ चौड़ीकरण परियोजना से जुड़ा है। प्रस्तावित योजना में सडक़ को 15 मीटर चौड़ा किया जाना है। करीब 730 मीटर लंबे मार्ग के लिए लगभग 9.80 करोड़ रुपये की परियोजना स्वीकृत है और 272 संरचनाओं के प्रभावित होने की बात सामने आई। मस्जिद प्रबंधन और समुदाय के कुछ लोगों की ओर से सडक़ चौड़ीकरण के लिए वैकल्पिक रास्ते पर विचार करने की मांग की गई है। उनका कहना है कि धार्मिक स्थल को बचाते हुए सडक़ का विस्तार किया जाए। दूसरी ओर, प्रशासन का कहना है कि सडक़ चौड़ीकरण सिंहस्थ के दौरान यातायात और श्रद्धालुओं की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए किया जा रहा है।
हाईकोर्ट में भी पहुंच चुका है मामला
शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने का मामला मध्य प्रदेश हाईकोर्ट तक पहुंच चुका है। 9 सितंबर को हाईकोर्ट ने मस्जिद के हिस्से को हटाने संबंधी नगर निगम की कार्रवाई को चुनौती देने वाली दो याचिकाएं खारिज कर दी थीं। अदालत ने माना था कि नगर निगम ने निर्धारित कानूनी प्रक्रिया का पालन किया है। अदालत के समक्ष यह भी बताया गया था कि इसी सडक़ चौड़ीकरण परियोजना के तहत अन्य धार्मिक संरचनाओं पर भी कार्रवाई हुई है।
कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने जताई आपत्ति
कांग्रेस सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने मस्जिद परिसर के हिस्से को हटाने की कार्रवाई पर आपत्ति जताई। उन्होंने प्रशासन से लोगों की भावनाओं का सम्मान करने और सडक़ चौड़ीकरण के लिए वैकल्पिक भूमि पर विचार करने की अपील की। उन्होंने दावा किया कि मामला अदालत में लंबित है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी हटवाया अपने मकान का हिस्सा
इससे एक दिन पहले मुख्यमंत्री मोहन यादव ने उज्जैन में अपने पैतृक मकान के उस हिस्से को हटाने की प्रक्रिया में खुद हिस्सा लिया था, जो प्रस्तावित सडक़ चौड़ीकरण की जद में आ रहा है। करीब 2.3 मीटर हिस्सा सडक़ की प्रस्तावित सीमा में आने की जानकारी सामने आई है।
बाजार और स्कूलों पर भी असर
तनाव को देखते हुए शाही मस्जिद के आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। स्थानीय स्तर पर स्कूलों और बाजारों के बंद रहने से सामान्य गतिविधियां प्रभावित हुई हैं। प्रशासन और पुलिस की ओर से स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। फिलहाल उज्जैन में स्थिति संवेदनशील बनी हुई है और सुरक्षा बल तैनात हैं।



