नेता प्रतिपक्ष महंत ने उठाया एसटीपी निर्माण का मुद्दा, कहा गुमराह करने वाले अधिकारियों के खिलाफ क्या है सजा का प्रावधान

मंत्री अरूण साव ने कहा परीक्षण कराकर करेंगे कार्रवाई
रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा का प्रश्नकाल आज एसटीपी निर्माण, जल जीवन मिशन, सीएसआर फंड और गिग वर्करों को लेकर काफी हंगामा हुआ। प्रश्नकाल में नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के निर्माण का मुद्दा उठाया। उन्होंने पिछले सत्रों में लगाए गए सवालों का जिक्र कर कहा कि सभी जवाबों में यह प्रक्रियाधीन है। नेता प्रतिपक्ष ने गलत जानकारी देकर गुमराह करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इस पर मंत्री अरूण साव ने परीक्षण कराकर आगे की कार्रवाई की बात कही।
विधानसभा में आज प्रश्नकाल के दौरान नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत ने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) को लेकर कहा कि 2 बार संशोधन कर जवाब भेजे गए। पहले 26 बताया गया? था फिर संख्या 21 भेजी गई। इस पर उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि ये सही है कि बाद में संशोधित उत्तर उपलब्ध कराया है। उन्होंने कहा कि राज्य और केन्द्र सरकार मिलकर पूरी गंभीरता से काम कर रहे हैं। 12 नगरीय निकायों में 21 एसटीपी स्वीकृत है। 68 नगरीय निकायों में 96 एसटीपी की स्वीकृति है।
इस पर नेता प्रतिपक्ष महंत ने कहा कि मेरे क्षेत्र में एसटीपी प्लांट को लेकर जानकारी मांगी और हर बार प्रक्रियाधीन होने का जवाब आया। हर बार उत्तर गलत आता है। ये जो गुमराह करने वाले अधिकारी बैठे हैं, उनके लिए किस तरह के ईनाम या सजा का प्रावधान है। मंत्री अरूण साव ने परीक्षण कराकर कार्रवाई की बात कही।


