विश्व लिवर दिवस पर रामकृष्ण हास्पिटल ने लोगों को जागरूक किया

विश्व लिवर दिवस पर रामकृष्ण हास्पिटल ने लोगों को जागरूक किया
रायपुर। लिवर मानव शरीर के सबसे अहम अंगों में से एक है, महत्वपूर्ण अंग होने के बावजूद भारत समेत दुनिया भर में बडी संख्या में लोग फैटी लिवर की समस्या से जूझ रहें है। यह जीवन के लिए खतरा तो नहीं है, लेकिन इसकी लगातार अनदेखी करना खतरनाक हो सकता है।
रामकृष्ण केयर हास्पिटल के डॉ संदीप पाण्डे, डॉ. ललित निहाल, डॉ. अजीत मिश्रा एवं डॉ. धीरज प्रेमचंदानी ने आज विश्व लिवर दिवस पर लोगों को लिवर से संबंधित रोगों एवं बचाव हेतु कई महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान की ।
उन्होंने कहा कि लिवर की समस्या का मुख्य कारण लोगों की असंतुलित जीवनशैली है। आरामदेह एवं अव्यवस्थित जीवनशैली के चलते लोगों को अनेक तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। जिसके कारण फैटी लिवर, लिवर के सूजन, सिरोसिस जैसी समस्याएं अधिक देखने में आ रही है। खानपान में अशुद्वता के चलते लिवर में परेशानी स्वाभाविक है वही अधिक अल्कोहल पीने से लिवर के कमजोर होने का खतरा हमेशा बना रहता है। आज कल मेटाबालिक एसोसियेटेड, फैटी लिवर डिसीज के रूप में एक नई तरह की समस्या भी देखने में आ रही है जिसे सामान्य भाषा में समझते तो अगर किसी को डायबिटिज, मोटापा या अनियंत्रित ब्लड प्रेशर जैसी समस्या है तो लिवर की बिमारी होने की आशंका बढ़ जाती है। कमर के आसपास फैट इकट्ठा हो रहा है या गर्दन मोटी और काली हो रही है तो यह भी लिवर की समस्या के प्रारंभिक संकेत है, ऐसी स्थिति में लिवर की जॉच अवश्य करानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि शुरूआती लक्षणों से संबंधित बिमारियों का पता लगाया जा सकता है जैसी सीधे हाथ में उपर की तरह थोडा भारीपन महसूस हो सकता है। गंभीरता बढ़ाने पर पैरो में सूजन, पेट का आकार, पेट में पानी इकट्ठा होने इत्यादि। लोगों को लिवर संबंधी कोई समस्या होने पर हेपेटाइटिस बी और सी की भी स्क्रीनिंग करा लेनी चाहिए। कभी जाने अनजाने में ड्रग्स के प्रयोग, असुरक्षित यौन संबंध जैसे कारणों से भी हेपेटाइटिस की आशंका रहती है। इस बिमारी का बचाव संभव है बशर्ते सही समय पर जॉच हो और सही उपचार हो ।
लिवर को स्वास्थ्य रखने के लिए अच्छी डाईट और पर्याप्त एक्सरसाईज, भोजन में चीनी फैट कम से कम रखें। प्रोटीन का अनुपात बढ़ा कर रखना चाहिए, अगर शाकाहारी है तो पनीर, सोया, बादाम, अखरोट इत्यादि ड्राई फ्रुट्स का सेवन करना लाभदायक होगा। शाकाहारी नहीं है तो रेड मीट का सेवन कम करें इससे अच्छे मछली व अंडे है, चिकन का सेवन सप्ताह में एक या दो बार ही करें। रोजाना कम से कम पंद्रह मिनट हैवी एक्सरसाईज करना आवश्यक है। ब्रिक्स वाक वजन उठाने वाले एक्सरसाईज साइकिलिंग, पैडलिंग आदि लिवर के सेहतमंद रखने के लिए उपयोगी होते है।



