राइफल शूटिंग में केवी धमतरी की बेटियों का दमदार प्रदर्शन: लक्ष्य पर सटीक निशाना, सपनों को मिली नई उड़ान

धमतरी। केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा आयोजित संभाग स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता 2026 में राइफल शूटिंग स्पर्धा के दौरान धमतरी के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। प्रतियोगिता का आयोजन महासमुंद में किया गया, जहां विभिन्न आयु वर्ग के प्रतिभागियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। इस प्रतियोगिता में केवी धमतरी की बालिकाओं ने विशेष रूप से अपने सटीक निशाने और आत्मविश्वास से सबका ध्यान आकर्षित किया।
प्रतियोगिता में भाग लेने वाली छात्राओं ने यह साबित कर दिया कि दृढ़ संकल्प, निरंतर अभ्यास और आत्मविश्वास के बल पर कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। कठिन प्रतिस्पर्धा के बावजूद धमतरी की बेटियों ने न केवल अपने लक्ष्य पर सटीक निशाना साधा बल्कि अपनी मेहनत और अनुशासन से जिले का नाम भी रोशन किया। इस उपलब्धि ने यह संदेश दिया कि आज की बेटियां हर क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करने की क्षमता रखती हैं।
अंडर-19 वर्ग में पुलिस विभाग धमतरी में पदस्थ अमित सिंह की होनहार सुपुत्री स्वस्तिका सिंह ने शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। स्वस्तिका ने न केवल स्वर्ण पदक जीता बल्कि प्रतियोगिता में सर्वाधिक स्कोर बनाकर नया मीट रिकॉर्ड भी स्थापित किया। उनकी इस उपलब्धि ने सभी प्रतिभागियों और दर्शकों को प्रभावित किया।
इसी वर्ग में शिक्षा विभाग में कार्यरत शिक्षक अनुभव सोनकर की सुपुत्री सोनिया सोनकर ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए द्वितीय स्थान प्राप्त किया और रजत पदक हासिल किया।
वहीं अंडर-14 वर्ग में भी केवी धमतरी की छात्राओं का प्रदर्शन उल्लेखनीय रहा। इस वर्ग में
श्रेया देवांगन ने स्वर्ण पदक,
आदितिका वैष्णव ने रजत पदक,
तथा वंदिता साहू ने कांस्य पदक प्राप्त कर विद्यालय और जिले का गौरव बढ़ाया।
इन सभी प्रतिभागियों का चयन अब राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता के लिए किया गया है।
केवल बालिकाएं ही नहीं, बल्कि बालक वर्ग में भी धमतरी के खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। अंडर-19 वर्ग में राज निषाद ने स्वर्ण पदक प्राप्त किया, जबकि प्रतीक साहू ने रजत पदक हासिल कर जिले को गौरवान्वित किया।
प्रतियोगिता के समापन अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित संजय कन्नौजे (प्राचार्य, केवी महासमुंद) ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि “निशाना केवल लक्ष्य पर नहीं, बल्कि अपने सपनों पर भी साधना चाहिए। जीत और हार दोनों ही सीखने का हिस्सा हैं, लेकिन जो कभी हार नहीं मानते वही असली विजेता बनते हैं।” उन्होंने कहा कि धमतरी की बालिकाओं का यह प्रदर्शन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेगा।
इन सभी प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को प्रशिक्षित करने में कोच एस. के. पांडेय की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उनके मार्गदर्शन में खिलाड़ी नियमित रूप से कठिन अभ्यास कर रहे हैं। कोच का मानना है कि यदि इन खिलाड़ियों को आधुनिक खेल उपकरण और बेहतर प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं तो वे भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं।
राइफल शूटिंग प्रतियोगिता में केवी धमतरी के खिलाड़ियों की इस ऐतिहासिक सफलता ने यह साबित कर दिया है कि मेहनत, अनुशासन और दृढ़ इच्छाशक्ति से किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। जिले के इन उभरते खिलाड़ियों की सफलता से न केवल विद्यालय बल्कि पूरे धमतरी जिले में गर्व और उत्साह का माहौल है।



